पश्चिमी सिंहभूम के मेघाहातुबुरुमें शुक्रवार की रात एक दिल दहला देने वाली घटना घटी। SAIL क्वार्टर (संख्या 12/5 ए-टाइप) में रहने वाले 38 वर्षीय ठेका मजदूर बालाजी शर्मा उर्फ बाला ने फांसी लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में मातम और सन्नाटा पसरा हुआ है।
दो दिनों से तनाव में था बाला
परिजनों के अनुसार, बाला पिछले दो दिनों से काफी मानसिक तनाव में दिख रहा था। उसने घर से निकलना बंद कर दिया था और भोजन भी ठीक से नहीं कर रहा था। शुक्रवार रात करीब 9 बजे उसने कमरे का दरवाजा अंदर से बंद कर लिया। उस वक्त घर में उसकी बुजुर्ग मां और बहन मौजूद थीं।
खिड़की से बेटे को लटका देख मां के उड़े होश
काफी देर तक जब कमरे से कोई हलचल नहीं हुई, तो मां ने खिड़की से झांककर देखा। बेटे को फंदे से लटका देख मां की चीख निकल गई। शोर सुनकर पड़ोसी दौड़े आए और दरवाजा तोड़कर उसे नीचे उतारा। उसे तत्काल किरीबुरू अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
परिवार का इकलौता सहारा था बाला
स्थानीय लोगों के बीच बाला अपने मिलनसार स्वभाव के लिए जाना जाता था। पिता के निधन के बाद घर की पूरी जिम्मेदारी उसी के कंधों पर थी। परिवार में वृद्ध मां और तीन बहनें हैं। इकलौते भाई की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही किरीबुरू पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में ले लिया। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है और आत्महत्या के पीछे के सही कारणों का पता लगाने के लिए परिजनों से पूछताछ जारी है।










