रामगढ़: जिले में कानून-व्यवस्था और जेल सुरक्षा को लेकर प्रशासन की सतर्कता एक बार फिर देखने को मिली। उपायुक्त ऋतुराज और पुलिस अधीक्षक मुकेश कुमार लुनायत के निर्देश पर शनिवार देर रात रामगढ़ उपकारा (जेल) में औचक निरीक्षण एवं सघन जांच अभियान चलाया गया। इस दौरान पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की संयुक्त टीम ने जेल परिसर की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते हुए विभिन्न बैरकों और महत्वपूर्ण स्थानों की गहन तलाशी ली।
एसडीपीओ के नेतृत्व में हुई व्यापक जांच
निरीक्षण अभियान का नेतृत्व रामगढ़ एसडीपीओ आलोक रंजन और पतरातू एसडीपीओ राघवेंद्र शर्मा ने किया। अधिकारियों ने जेल की बैरकों, सुरक्षा चौकियों और अन्य संवेदनशील क्षेत्रों का निरीक्षण कर सुरक्षा मानकों की समीक्षा की। अभियान का उद्देश्य जेल सुरक्षा व्यवस्था की वास्तविक स्थिति का आकलन करना और किसी भी संभावित सुरक्षा चूक को रोकना था।
तलाशी में नहीं मिली कोई प्रतिबंधित सामग्री
जांच के दौरान जेल परिसर से किसी भी प्रकार की आपत्तिजनक या प्रतिबंधित सामग्री बरामद नहीं हुई। इससे अधिकारियों ने संतोष जताया। साथ ही जेल प्रशासन और सुरक्षा कर्मियों को सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाए रखने तथा निर्धारित प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए।
कई अधिकारी रहे मौजूद
इस विशेष निरीक्षण अभियान में मुख्यालय डीएसपी अकरम रजा, रामगढ़ सीओ रमेश रविदास, दुलमी सीओ किशोरी यादव, चितरपुर सीओ दीपक मिंज तथा रामगढ़ थाना प्रभारी नवीन प्रकाश पांडे समेत कई पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी शामिल रहे।
नियमित निरीक्षण से सुरक्षा पर प्रशासन का फोकस
जिला प्रशासन का मानना है कि समय-समय पर होने वाले नियमित और औचक निरीक्षण जेलों में अनुशासन बनाए रखने, सुरक्षा खामियों को दूर करने और किसी भी अवांछित गतिविधि पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसीलिए जेल सुरक्षा व्यवस्था की लगातार समीक्षा की जा रही है।
