नई दिल्ली : CBSE के परीक्षोत्तर सेवा (Post-Exam Services) पोर्टल में सामने आई तकनीकी समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान ने IIT मद्रास के विशेषज्ञों की टीम को जांच और समाधान प्रक्रिया में शामिल करने के निर्देश दिए हैं। शिक्षा मंत्रालय के अनुसार IIT मद्रास की विशेषज्ञ टीम पोर्टल की तकनीकी खामियों का विस्तृत आकलन करेगी और सिस्टम को अधिक स्थिर, पारदर्शी तथा छात्र-हितैषी बनाने के लिए सुझाव देगी।
सर्वर और आईटी सिस्टम की होगी जांच
विशेषज्ञ टीम पोर्टल के सर्वर प्रदर्शन, सिस्टम स्थिरता और आईटी अवसंरचना की व्यापक समीक्षा करेगी। इसके साथ ही लॉगिन संबंधी समस्याओं, यूजर एक्सेस और पेमेंट गेटवे सिस्टम में आ रही दिक्कतों की भी जांच की जाएगी। मंत्रालय ने कहा है कि पोर्टल पर छात्रों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए तकनीकी सुधार प्राथमिकता के आधार पर किए जाएंगे।
पुनर्मूल्यांकन प्रक्रिया को बनाया जाएगा पारदर्शी
शिक्षा मंत्रालय के मुताबिक पुनर्मूल्यांकन और अन्य परीक्षोत्तर सेवाओं की प्रक्रिया को अधिक सुचारू और पारदर्शी बनाने पर विशेष फोकस रहेगा। छात्रों को आवेदन, भुगतान और रिजल्ट संबंधी सेवाओं में आने वाली समस्याओं को दूर करने के लिए सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे।

“छात्रों के हित सर्वोपरि”
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान ने कहा कि छात्रों के हित सर्वोपरि हैं और यह सुनिश्चित किया जाएगा कि सभी आवश्यक तकनीकी सुधार जल्द से जल्द लागू हों। शिक्षा मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि CBSE पोर्टल को अधिक भरोसेमंद और उपयोगकर्ता-अनुकूल बनाने के लिए विशेषज्ञों की मदद से व्यापक तकनीकी सुधार किए जाएंगे।
