चाईबासा/रांची: पश्चिमी सिंहभूम के अति नक्सल प्रभावित सारंडा जंगल में बुधवार को सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच हुई भीषण मुठभेड़ में सुरक्षाबलों को भारी कीमत चुकानी पड़ी है। ताज़ा जानकारी के अनुसार, नक्सलियों के खिलाफ चलाए जा रहे इस विशेष अभियान के दौरान सीआरपीएफ (CRPF) के इंस्पेक्टर सत्य प्रकाश समेत 5 जवान घायल हो गए हैं।
घायलों को एयरलिफ्ट कर रांची भेजा गया
मुठभेड़ में घायल हुए जवानों की पहचान इंस्पेक्टर सत्य प्रकाश, जवान जितेंद्र राय और शैलेश कुमार दुबे के रूप में हुई है (अन्य दो जवानों के नाम अभी प्रतीक्षित हैं)। घायलों की गंभीर स्थिति को देखते हुए सेना के हेलिकॉप्टर की मदद से उन्हें तुरंत एयरलिफ्ट कर रांची भेजा गया है, जहाँ उन्हें विशेष चिकित्सा सुविधा मुहैया कराई जा रही है।
1 करोड़ के इनामी ‘मिसिर बेसरा’ के दस्ते से भिड़ंत
सूत्रों के अनुसार, यह मुठभेड़ प्रतिबंधित माओवादी संगठन के शीर्ष नेता और 1 करोड़ के इनामी मिसिर बेसरा के दस्ते के साथ हुई है। पुलिस को सूचना मिली थी कि मिसिर बेसरा अपने दस्ते के साथ छोटानागरा थानाक्षेत्र के बलिबा और चडराडेरा के बीच जंगल में छिपा हुआ है। इसी सूचना पर जब कोबरा (CoBRA), झारखंड जगुआर और जिला पुलिस की संयुक्त टीम पहुँची, तो नक्सलियों ने घात लगाकर हमला कर दिया।

जवाबी कार्रवाई में नक्सलियों के भी घायल होने की खबर
सुरक्षाबलों ने भी नक्सलियों को मुंहतोड़ जवाब दिया है। चाईबासा एसपी अमित रेणु ने मुठभेड़ की पुष्टि करते हुए बताया कि जवानों ने नक्सलियों की जबरदस्त घेराबंदी की है। देर शाम तक रुक-रुक कर फायरिंग की आवाजें आती रहीं। सूत्रों का दावा है कि जवानों की जवाबी फायरिंग में कई नक्सलियों को भी गोलियां लगी हैं और कुछ के मारे जाने की भी सूचना है, हालांकि घने जंगल के कारण अभी तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।
पूरा इलाका छावनी में तब्दील
मुठभेड़ के बाद पूरे सारंडा क्षेत्र को सुरक्षाबलों ने चारों ओर से घेर लिया है। अतिरिक्त बल को मौके पर भेजा गया है ताकि नक्सलियों के भागने के सभी रास्ते बंद किए जा सकें। सर्चिंग अभियान फिलहाल जारी है और ऑपरेशन समाप्त होने के बाद ही पूरी तस्वीर साफ हो पाएगी।
जोहार न्यूज़ टाइम्स अपने जांबाज जवानों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता है। इस ऑपरेशन से जुड़ी हर ताज़ा अपडेट के लिए बने रहें हमारे साथ। joharnewstimes.com

















