हाई ब्लड प्रेशर के मरीज जिम जाने से पहले सावधान: भारी वजन उठाना बन सकता है ‘साइलेंट किलर’, जानें वर्कआउट के जरूरी नियम

क्या आप जानते हैं कि हाई बीपी में गलत तरीके से किया गया वर्कआउट आपकी जान के लिए जोखिम पैदा कर सकता है?

Johar News Times
4 Min Read

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी और तनाव के कारण हाई ब्लड प्रेशर यानी हाइपरटेंशन एक आम समस्या बन गई है। वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन (WHO) के आंकड़े डराने वाले हैं, जिसके अनुसार दुनिया भर में करीब 1.28 अरब लोग इस बीमारी की चपेट में हैं। सबसे चिंताजनक बात यह है कि इनमें से आधे लोगों को पता ही नहीं होता कि उन्हें बीपी की समस्या है। यही कारण है कि इसे ‘साइलेंट किलर’ कहा जाता है। अक्सर लोग फिट रहने के लिए जिम का रुख करते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि हाई बीपी में गलत तरीके से किया गया वर्कआउट आपकी जान के लिए जोखिम पैदा कर सकता है?

भारी वजन उठाना क्यों है खतरनाक? वरिष्ठ डॉक्टर विनय कुमार पांडे के मुताबिक, एक्सरसाइज बीपी कंट्रोल करने में मददगार होती है, लेकिन अनियंत्रित हाई बीपी वाले मरीजों के लिए कुछ वर्कआउट घातक हो सकते हैं। डॉक्टर सलाह देते हैं कि जिन लोगों का ब्लड प्रेशर अक्सर बढ़ा रहता है, उन्हें भारी वजन उठाने (Heavy Weightlifting) से पूरी तरह बचना चाहिए।

- Advertisement -
Ad image

विशेषज्ञों का कहना है कि अपनी शारीरिक क्षमता के 75 प्रतिशत से अधिक वजन उठाना शरीर और दिल पर अचानक दबाव डालता है। खासकर डेडलिफ्ट, भारी स्क्वैट्स या बेंच प्रेस जैसी एक्सरसाइज के दौरान कई लोग सांस रोक लेते हैं, जिससे ब्लड प्रेशर का स्तर अचानक बहुत ऊपर जा सकता है। इससे चक्कर आना, सीने में भारीपन और गंभीर स्थिति में हार्ट अटैक या स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है।

HIIT और इंटेंस वर्कआउट से बढ़ता है जोखिम आजकल हाई इंटेंसिटी इंटरवल ट्रेनिंग (HIIT) का चलन काफी बढ़ गया है, लेकिन यह हर किसी के लिए सुरक्षित नहीं है। डॉ. विनय बताते हैं कि जो लोग फिटनेस की शुरुआत कर रहे हैं या जो मानसिक तनाव में हैं, उन्हें बहुत अधिक तीव्रता वाली एक्सरसाइज सावधानी से करनी चाहिए। क्रॉसफिट, स्प्रिंटिंग (तेज दौड़) और अत्यधिक सहनशक्ति वाली ट्रेनिंग से बीपी में तेजी से उतार-चढ़ाव आता है, जो दिल की धमनियों के लिए नुकसानदेह हो सकता है।

कौन से व्यायाम हैं सबसे सुरक्षित? अगर आप हाइपरटेंशन के मरीज हैं, तो इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि आप वर्कआउट छोड़ दें। विशेषज्ञों के अनुसार, मध्यम गति वाले व्यायाम सबसे ज्यादा फायदेमंद होते हैं:

  • रोजाना कम से कम 30 मिनट तेज चाल से चलना (Brisk Walking)।
  • साइकिल चलाना और तैराकी करना।
  • योग, स्ट्रेचिंग और हल्की एरोबिक एक्सरसाइज।

वर्कआउट के दौरान बरतें ये सावधानियां

- Advertisement -
Ad image
  1. वार्मअप है जरूरी: कभी भी सीधे भारी वर्कआउट शुरू न करें। पहले 5-10 मिनट शरीर को वार्मअप करें।
  2. पानी का सेवन: वर्कआउट के दौरान शरीर में पानी की कमी न होने दें, पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं।
  3. मौसम का ध्यान: बहुत अधिक गर्मी या उमस भरे माहौल में इंटेंस एक्सरसाइज करने से बचें, क्योंकि इससे बीपी लेवल बिगड़ सकता है।
  4. डॉक्टरी परामर्श: यदि आप पहले से ही बीपी की दवा ले रहे हैं या आपको सीने में हल्का दर्द महसूस होता है, तो कोई भी नया जिम रूटीन शुरू करने से पहले अपने कार्डियोलॉजिस्ट से बात जरूर करें।

व्यायाम सेहत के लिए वरदान है, लेकिन अपनी बीमारी और शरीर की स्थिति को समझना भी उतना ही जरूरी है। सही तकनीक और सुरक्षित एक्सरसाइज का चुनाव कर आप हाई ब्लड प्रेशर को आसानी से मात दे सकते हैं।

Share This Article