जमशेदपुर में गुरुवार को रसोई गैस की किल्लत और कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की बढ़ती कीमतों के खिलाफ झारखंड मुक्ति मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में महिला कार्यकर्ता सिर पर लकड़ी लेकर सड़कों पर उतरीं और जिला समाहरणालय पहुंचकर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
प्रदर्शनकारी पुराना कोर्ट गोलचक्कर से जुलूस की शक्ल में डीसी ऑफिस पहुंचे। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने महंगाई और गैस संकट को लेकर केंद्र सरकार को घेरा। प्रदर्शन के दौरान कई कार्यकर्ता बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा स्थल पर भी रुके और वहां नारेबाजी की।
डीसी ऑफिस के बाहर चूल्हा जलाकर बनाई चाय
प्रदर्शन को प्रतीकात्मक रूप देने के लिए झामुमो कार्यकर्ताओं ने डीसी ऑफिस के बाहर लकड़ी के चूल्हे पर चाय भी बनाई। कार्यकर्ताओं का कहना था कि अगर गैस सिलेंडर महंगा और दुर्लभ हो जाएगा, तो लोगों को दोबारा लकड़ी और चूल्हे पर लौटना पड़ेगा।
धरना स्थल पर महिलाओं ने कहा कि लगातार बढ़ती महंगाई ने आम लोगों का बजट बिगाड़ दिया है। घरेलू गैस सिलेंडर की उपलब्धता और कीमत दोनों ही लोगों के लिए परेशानी का कारण बन रही हैं।
पोस्टरों के जरिए केंद्र सरकार पर हमला
प्रदर्शन में शामिल लोगों के हाथों में विभिन्न बैनर और पोस्टर थे। इनमें लिखा था —
- “देश में गैस की किल्लत क्यों?”
- “हर नागरिक को गैस सिलेंडर लेने का अधिकार”
- “महंगाई से आम आदमी की कमर टूट चुकी है”
- “केंद्र सरकार जवाब दो”
झामुमो नेताओं ने आरोप लगाया कि लगातार बढ़ती महंगाई से गरीब और मध्यम वर्ग सबसे ज्यादा प्रभावित हो रहा है।
राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री के नाम सौंपा जाएगा ज्ञापन
झामुमो नेताओं ने बताया कि प्रदर्शन के बाद डीसी के माध्यम से राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री को ज्ञापन सौंपा जाएगा। ज्ञापन में गैस सिलेंडर की पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित करने, कीमतों को कम करने और बढ़ी हुई दरों को वापस लेने की मांग की जाएगी।
पार्टी नेताओं ने कहा कि यदि महंगाई और गैस संकट पर जल्द समाधान नहीं निकाला गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।











