जमशेदपुर। टाटा स्टील की महत्वाकांक्षी ‘कांबी मिल’ (Combi Mill) का उद्घाटन आगामी मई माह में होने की संभावना है। इस अत्याधुनिक यूनिट का लोकार्पण हेमंत सोरेन करेंगे। फिलहाल उद्घाटन की तिथि मुख्यमंत्री कार्यालय से अंतिम स्वीकृति के बाद तय होगी।
कंपनी के वाइस प्रेसिडेंट (कॉरपोरेट सर्विसेज) डीबी सुंदरा रामम ने जानकारी दी कि इस परियोजना पर करीब ₹1500 करोड़ का निवेश किया गया है। यह यूनिट जमशेदपुर स्थित इंडियन स्टील एंड वायर प्रोडक्ट लिमिटेड (ISWP) परिसर में स्थापित की गई है।
0.5 मिलियन टन क्षमता, उत्पादन का रैंप-अप जारी
इस कांबी मिल की उत्पादन क्षमता 0.5 मिलियन टन प्रति वर्ष (MTPA) है और फिलहाल इसका रैंप-अप चरण जारी है। यह मिल विशेष रूप से स्पेशल बार और वायर रॉड के उत्पादन के लिए तैयार की गई है, जो निर्माण और ऑटोमोबाइल सेक्टर में व्यापक उपयोग में आते हैं।
कांबी मिल की खासियत: एक यूनिट, दो तरह का उत्पादन
यह मिल ‘कॉम्बिनेशन टेक्नोलॉजी’ पर आधारित है, जिसके तहत:
- वायर रॉड्स और मर्चेंट बार्स (TMT/Rebars) दोनों का उत्पादन संभव
- बाजार की मांग के अनुसार तेजी से प्रोडक्शन मोड बदलने की क्षमता
- हाई-स्पीड रोलिंग, जिससे उत्पादन दक्षता में वृद्धि
उद्योग और इंफ्रास्ट्रक्चर को मिलेगा बड़ा सहारा
इस मिल से बनने वाले उत्पाद:
- वायर रॉड्स: ऑटोमोबाइल, नट-बोल्ट, स्प्रिंग्स और टायर इंडस्ट्री में उपयोग
- TMT/मर्चेंट बार्स: पुल, इमारत और बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में इस्तेमाल
आधुनिक तकनीक, सुरक्षा और सस्टेनेबिलिटी पर जोर
कंपनी के अनुसार:
- ‘थर्मेक्स’ और आधुनिक क्वेंचिंग तकनीक से बेहतर गुणवत्ता
- ऑटोमेशन के जरिए कार्यस्थल सुरक्षा में सुधार
- ऊर्जा दक्षता और कार्बन उत्सर्जन कम करने पर विशेष फोकस
आर्थिक दृष्टि से भी अहम परियोजना
यह यूनिट न केवल घरेलू बाजार की मांग को पूरा करेगी, बल्कि ‘मेक इन इंडिया’ पहल को मजबूत करते हुए निर्यात क्षमता भी बढ़ाएगी। इससे क्षेत्र में रोजगार के अवसर और औद्योगिक विकास को भी गति मिलने की उम्मीद है।












