धनबाद: झारखंड के धनबाद जिले के महुदा थाना क्षेत्र में ट्रक चोरी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसमें कथित चोरी की कहानी पूरी तरह फर्जी निकली। पुलिस की गहन जांच में खुलासा हुआ कि ट्रक का मालिक ही इस पूरे षड्यंत्र का मास्टरमाइंड था।
मामले में डीजे कॉलोनी, छत्रुटांड़ निवासी अविनाश कुमार राय ने अपने 18 चक्का ट्रक (JH 02 BK 6340) की चोरी की प्राथमिकी दर्ज कराई थी। लेकिन जब पुलिस ने घटनास्थल और टोल प्लाजा के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, तो ट्रक के गुजरने का कोई प्रमाण नहीं मिला। इससे पुलिस का शक गहरा गया।
तकनीकी जांच और गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने राजगंज स्थित रेणुका इस्पात प्राइवेट लिमिटेड के परिसर से ट्रक को बरामद कर लिया, जहां से कुछ स्क्रैप पहले ही उतारा जा चुका था।
पूछताछ में खुला राज
धनबाद के ग्रामीण एसपी S. मोहम्मद याक़ूब की मौजूदगी में सख्ती से पूछताछ करने पर अविनाश ने अपना अपराध कबूल कर लिया। उसने बताया कि कांड्रा बस्ती के बबलू शेख, निमाई महतो, राहुल और प्रकाश के साथ मिलकर स्क्रैप की अवैध बिक्री और फर्जी ई-वे बिल के जरिए माल खपाने की साजिश रची गई थी।
कई लोग नामजद, कंपनी भी घेरे में
महुदा थाना में कांड संख्या 15/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। प्राथमिकी में वाहन मालिक के अलावा अन्य सहयोगियों, मो. इम्तियाज सन्स और रेणुका इस्पात प्राइवेट लिमिटेड के मालिक व इंचार्ज को भी नामजद आरोपी बनाया गया है।
मुख्य आरोपी जेल भेजा गया
पुलिस ने मुख्य आरोपी अविनाश कुमार राय को न्यायिक हिरासत में भेजते हुए धनबाद जेल भेज दिया है। वहीं, अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
इस पूरे खुलासे ने ट्रांसपोर्ट और स्क्रैप कारोबार के भीतर चल रहे अवैध नेटवर्क और संगठित गड़बड़ियों की परतें खोल दी हैं।











