बेंगलुरु : कर्नाटक में मुख्यमंत्री पद से इस्तीफे के बाद राजनीतिक घटनाक्रम तेज हो गया है। वरिष्ठ कांग्रेस नेता सिद्धारमैया ने पद छोड़ने के बाद पार्टी आलाकमान के सामने अपने बेटे और MLC यतींद्र सिद्धारमैया को राज्य का उपमुख्यमंत्री बनाए जाने की मांग रखी है।
इससे पहले राज्यपाल थावरचंद गहलोत ने उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया। हालांकि, प्रशासनिक प्रक्रिया पूरी तरह अंतिम रूप से संपन्न नहीं हुई है। सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस हाईकमान के निर्देश पर सिद्धारमैया ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दिया था। पार्टी में नेतृत्व परिवर्तन को लेकर सहमति बनने के बाद डीके शिवकुमार को नया मुख्यमंत्री बनाए जाने की चर्चा भी है।

इस्तीफे के बाद उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि उन्होंने हाईकमान के निर्देशों का पालन करते हुए इस्तीफा दिया है। उन्होंने सोनिया गांधी, राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे का धन्यवाद किया और कहा कि कांग्रेस जॉइन करने के बाद उन्हें हमेशा सहयोग मिला है। सिद्धारमैया ने यह भी कहा कि संविधान ही उनके लिए धर्म है और वे पार्टी के निर्णय का सम्मान करते हैं। प्रक्रिया को लेकर स्थिति इसलिए भी असामान्य रही क्योंकि राज्यपाल थावरचंद गहलोत निजी कारणों से इंदौर में थे। ऐसे में मुख्यमंत्री ने अपना इस्तीफा राज्यपाल के सचिव को सौंपा, जिसे प्रशासनिक रूप से वैध माना गया है। लोक भवन सूत्रों के अनुसार, यह स्वीकार्य प्रक्रिया है और राज्यपाल लौटने पर इसकी पुष्टि करेंगे।
