पिता को बचाने टैंक में कूदा बेटा, दोनों की मौत; कालाहांडी में सेंट्रिंग खोलने उतरे 6 लोगों ने दम तोड़ा, मचा कोहराम

सेप्टिक टैंक की सेंट्रिंग खोलते वक्त हुआ बड़ा हादसा, जहरीली गैस ने ली बिल्डर-बेटे समेत 6 की जान, सीएम ने किया 4-4 लाख मुआवजे का एलान।

Johar News Times
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ओडिशा के कालाहांडी जिले के मदनपुर-रामपुर इलाके से एक बेहद दर्दनाक और दिल दहला देने वाला हादसा सामने आया है। यहाँ एक निर्माणाधीन सेप्टिक टैंक में जहरीली गैस फैलने के कारण दम घुटने से 6 लोगों की मौत हो गई। मरने वालों में स्थानीय बिल्डर, उनका जवान बेटा, तीन राजमिस्त्री और एक मजदूर शामिल हैं। वहीं एक अन्य मजदूर की हालत गंभीर बनी हुई है, जिसे अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया है।

दिल दहला देने वाले इस हादसे में जान गंवाने वालों की पहचान बिल्डर निमाई पाल (48), उनके बेटे आकाश पाल (28), राजमिस्त्री अदल माझी (55), मनोरंजन हाती (27), छंदा जल (32) और मजदूर बिपुल जल (30) के रूप में हुई है। वहीं जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहे घायल पंकज (32) का इलाज अस्पताल में जारी है।

पिता को बचाने के चक्कर में एक-एक कर काल के गाल में समा गए लोग

मिली जानकारी के अनुसार, मदनपुर-रामपुर में एक निर्माणाधीन सेप्टिक टैंक का ऊपरी हिस्सा खोलकर अंदर लगी सेंट्रिंग हटाई जा रही थी। इसी दौरान अचानक पैर फिसलने से बिल्डर निमाई पाल टैंक के गहरे गड्ढे में गिर गए। अंदर से पिता की चीख सुनकर उन्हें बचाने के लिए बेटा आकाश पाल भी बिना सोचे-समझे टैंक में कूद गया।

टैंक के भीतर पहले से ही कार्बन मोनोऑक्साइड और मीथेन जैसी अत्यधिक जहरीली गैसें जमा थीं, जिसके कारण पिता-पुत्र तुरंत बेहोश हो गए। इसके बाद उन्हें बाहर निकालने के लिए टैंक में उतरे तीन राजमिस्त्री और दो मजदूर भी एक-एक करके उस जहरीली गैस की चपेट में आ गए।

फायर ब्रिगेड ने गैस मास्क पहनकर निकाला बाहर, सीएम ने किया मुआवजे का एलान

आसपास के लोगों द्वारा शोर मचाने पर पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। टैंक के भीतर गैस का असर इतना ज्यादा था कि जवानों को गैस मास्क पहनकर अंदर उतरना पड़ा। काफी मशक्कत के बाद सभी को बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक 6 लोग दम तोड़ चुके थे।

इस भीषण त्रासदी पर ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने गहरा दुख व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना जताते हुए मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये का मुआवजा देने का एलान किया है। इसके साथ ही कालाहांडी जिला प्रशासन ने अंतिम संस्कार के लिए तत्काल 30-30 हजार रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की है। इस दर्दनाक हादसे के बाद अब निर्माण स्थलों पर गैस जांच उपकरण अनिवार्य करने और सुरक्षा मानकों को कड़ा करने की मांग तेज हो गई है।

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