मानसून सिर पर और साहब लोग गायब! चांडिल में आपदा तैयारी बैठक से नदारद रहे कई जिम्मेदार अधिकारी, उठे गंभीर सवाल

"चांडिल में आपदा प्रबंधन की बैठक: बैठक में बनी रणनीति, लेकिन गायब रहे कई महत्वपूर्ण कमान अधिकारी!"

Johar News Times
3 Min Read

चांडिल (सरायकेला-खरसावां): मानसून की दस्तक के साथ ही संभावित बाढ़ और आपदाओं से निपटने के लिए चांडिल अनुमंडल कार्यालय में शुक्रवार को एक अत्यंत महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई थी। एसडीएम नितिन शिवम गुप्ता की अध्यक्षता में हुई इस आपदा प्रबंधन समिति की बैठक में चांडिल डैम की सुरक्षा और डूब क्षेत्र के गांवों को बचाने को लेकर कई बड़े फैसले तो लिए गए, लेकिन कई जिम्मेदार अधिकारियों की अनुपस्थिति ने प्रशासन की संजीदगी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

इस महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक में विधायक सबिता महतो, जिला परिषद उपाध्यक्ष मधुश्री महतो और एसडीपीओ शिव प्रकाश कुमार विशेष रूप से मौजूद रहे।

डैम का जलस्तर नियंत्रित रखने और नावों को मुस्तैद रखने का निर्देश

बैठक में एसडीएम नितिन शिवम गुप्ता ने सुवर्णरेखा विभाग और डैम प्रबंधन समिति को सख्त निर्देश दिए कि चांडिल डैम के जलस्तर को पूरी तरह नियंत्रित रखा जाए, ताकि विस्थापित गांवों में बाढ़ का पानी प्रवेश न कर सके।

  • आपात स्थिति से निपटने के लिए नावों को दुरुस्त रखने और डैम के रेडियल गेटों की तत्काल तकनीकी जांच कराने के निर्देश दिए गए हैं।
  • चांडिल, ईचागढ़ और कुकड़ू प्रखंडों के डूब क्षेत्र वाले इलाकों में तत्काल कंट्रोल रूम स्थापित करने को कहा गया है, ताकि किसी भी आपदा की स्थिति में त्वरित कार्रवाई की जा सके।
  • बैठक में जनप्रतिनिधियों ने डैम में सालों से जमी गाद का मुद्दा भी पुरजोर तरीके से उठाया। उन्होंने कहा कि गाद सफाई न होने से डैम की जलधारण क्षमता लगातार घट रही है, जो एक बड़ा खतरा है।

जब डूबने का खतरा सबसे ज्यादा, तो साहब लोग क्यों रहे नदारद?

चांडिल डैम का जलस्तर बढ़ने पर सबसे ज्यादा तबाही ईचागढ़ और कुकड़ू प्रखंड के दर्जनों गांवों में मचती है। हर साल ग्रामीणों को जलजमाव और विस्थापन का दंश झेलना पड़ता है। इसके बावजूद इस संवेदनशील मुद्दे पर बुलाई गई बैठक से अधिकारियों की बेरुखी चर्चा का विषय बनी रही।

ये अधिकारी रहे बैठक से गायब: जल संसाधन विभाग के कार्यपालक अभियंता , ईचागढ़ और कुकड़ू के बीडीओ व सीओ , वन विभाग के अधिकारी, और ईचागढ़ व तिरुलडीह के थाना प्रभारी इस अति-महत्वपूर्ण बैठक में शामिल नहीं हुए। मानसून से ठीक पहले इन अधिकारियों की अनुपस्थिति पर अब कई सवाल उठ रहे हैं।

हालांकि, बैठक में नीमडीह बीडीओ कुमार एस अभिनव, सीओ अभय द्विवेदी, थाना प्रभारी दिलशन बिरुआ, कपाली ओपी प्रभारी अविनाश कुमार, और चौका थाना प्रभारी गौरव कुमार समेत कई अन्य स्थानीय अधिकारी व जनप्रतिनिधि मुस्तैद दिखे।

Share This Article