समाहरणालय परिसर में शनिवार को एक दिवसीय आम महोत्सव का भव्य आयोजन किया गया। इस विशेष महोत्सव का उद्घाटन उपायुक्त राजीव रंजन द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य स्थानीय किसानों को एक बेहतर बाजार उपलब्ध कराना और उन्हें सीधे उपभोक्ताओं से जोड़ना है।
कार्यक्रम के दौरान उप विकास आयुक्त नागेन्द्र पासवान, अपर उपायुक्त अनुराग तिवारी सहित जिला प्रशासन के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
उपायुक्त ने बढ़ाया किसानों का हौसला
उद्घाटन के बाद उपायुक्त राजीव रंजन ने महोत्सव में लगाए गए विभिन्न स्टॉल का निरीक्षण किया। उन्होंने किसानों और सखी मंडलों द्वारा प्रदर्शित आम की विभिन्न किस्मों की सराहना की। किसानों को प्रेरित करते हुए उपायुक्त ने कहा:
“जिला प्रशासन किसानों को उनके उत्पादों का सही मूल्य दिलाने के लिए मार्केट लिंकेज पर लगातार काम कर रहा है। आज जिले के आमों की पहुंच अन्य जिलों के बाजारों तक भी हो रही है, जो हमारे किसानों की समृद्धि का संकेत है।”
वैज्ञानिक पद्धति और आधुनिक बागवानी पर जोर
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उप विकास आयुक्त नागेन्द्र पासवान ने कहा कि बेहतर फसल के लिए आधुनिक और वैज्ञानिक बागवानी तकनीकों को अपनाना बेहद जरूरी है। इसके लिए जिला प्रशासन मनरेगा कर्मियों, बागवानी सखियों और लाभुकों को समय-समय पर विशेष प्रशिक्षण भी दे रहा है, ताकि किसानों की आय में बढ़ोतरी हो सके।
महोत्सव की मुख्य विशेषताएं और उपलब्धियां
- मेले में जिले के सभी 11 प्रखंडों के किसानों और JSLPS से जुड़े 4 किसान उत्पादक संगठनों ने अपने स्टॉल लगाए थे।
- शहरवासियों ने महोत्सव में भारी उत्साह दिखाया और सीधे किसानों से आम खरीदे।
- इस एक दिवसीय मेले में कुल 1,074 किलोग्राम आम की बिक्री हुई, जिससे स्थानीय किसानों को ₹53,700 की सीधी आय प्राप्त हुई।
यह आयोजन जिले के आम उत्पादकों को आत्मनिर्भर बनाने और उन्हें बिचौलियों से मुक्त कर सीधे बाजार देने की दिशा में एक बेहद सफल कदम साबित हुआ है।
