
कुचाई (सरायकेला-खरसावां): राजनीति जब जनसेवा का संकल्प बन जाए, तो कठिन रास्ते भी छोटे लगने लगते हैं। कुछ ऐसा ही नजारा गुरुवार को कुचाई प्रखंड के सुदूरवर्ती पहाड़ी क्षेत्र कोमाय में देखने को मिला। क्षेत्र की बदहाल स्थिति और ग्रामीणों के दर्द को समझने के लिए खरसावां विधायक दशरथ गागराई ने प्रोटोकॉल किनारे रख करीब 15 किलोमीटर का सफर बाइक से तय किया और बांदूबेडा व लोटाबुरु टोला जैसे दुर्गम गांवों तक पहुंचे।
पगडंडियों के सहारे विकास की टोह लेने पहुंचे विधायक
चक्रधरपुर के टोकलो और कभी नक्सल प्रभावित रहे लांजी क्षेत्र से होकर गुजरने वाला यह रास्ता किसी चुनौती से कम नहीं है। लुदूबेडा के बाद पक्की सड़क का नामोनिशान नहीं है। ग्रामीणों ने श्रमदान से जो संकरी पगडंडियां बनाई हैं, उन्हीं के सहारे विधायक अपनी टीम के साथ गांवों तक पहुंचे। इस दौरान उन्होंने रोलाहातु पंचायत में जनचौपाल लगाकर ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं।

खटिया पर एंबुलेंस और चुआं का पानी: ग्रामीणों ने बयां किया दर्द
जनचौपाल में ग्रामीणों ने अपनी मूलभूत समस्याओं का अंबार लगा दिया। ग्रामीणों ने बताया कि:
- स्वास्थ्य: गांव तक सड़क न होने से एंबुलेंस नहीं आ पाती। मरीजों को खटिया पर लादकर मुख्य सड़क तक ले जाना पड़ता है।
- पेयजल: सड़क के अभाव में गांव में बोरिंग मशीन नहीं पहुंच सकी, जिससे आज भी लोग पहाड़ी ‘डाड़ी चुआं’ (कच्चा कुआं) का पानी पीने को मजबूर हैं।
- शिक्षा: गांव में स्कूल नहीं है, नन्हे बच्चों को पढ़ाई के लिए 7 किलोमीटर पैदल जंगल के रास्ते जाना पड़ता है।
सड़क निर्माण से बदलेगी तस्वीर: दशरथ गागराई
ग्रामीणों को संबोधित करते हुए विधायक दशरथ गागराई ने कहा कि बांदूबेडा और लोटाबुरु तक सड़क पहुंचाना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा:
“बेहतर सड़क संपर्क ही विकास की कुंजी है। जब सड़क बनेगी, तभी स्कूल, स्वास्थ्य सुविधाएं और पेयजल की मशीनें यहां पहुंच पाएंगी। इन पहाड़ी क्षेत्रों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल किया जाएगा।”

नक्सलवाद के साये से बाहर निकल रहा कोमाय
कभी नक्सलियों का गढ़ माने जाने वाले कोमाय क्षेत्र में विधायक का इस तरह पहुंचना एक बड़े बदलाव का संकेत है। विधायक ने ग्रामीणों से अपील की कि वे जागरूक बनें और राज्य सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठाएं। उन्होंने आश्वस्त किया कि अंतिम व्यक्ति तक सरकारी लाभ पहुंचाने के लिए व्यवस्था को और सरल बनाया जा रहा है।
चौपाल में रही इनकी मौजूदगी
इस विशेष दौरे और जनचौपाल में विधायक के साथ बासंती गागराई, मुखिया सतरी सांगा समेत कई स्थानीय जनप्रतिनिधि और भारी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे। विधायक के इस प्रयास ने वर्षों से उपेक्षित महसूस कर रहे ग्रामीणों में विकास की एक नई उम्मीद जगा दी है।
ब्यूरो रिपोर्ट, कुचाई











