रांची: यात्री सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए रांची रेल मंडल ने ट्रेनों के कोचों में सीसीटीवी कैमरे लगाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है। पहले चरण में 140 कोचों में कैमरे लगाए जा चुके हैं, जबकि आगे के चरणों में इस व्यवस्था का विस्तार किया जा रहा है।
रेलवे प्रशासन ने जानकारी दी है कि 730 अतिरिक्त कोचों में सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए निविदा जारी कर दी गई है। रेलवे का उद्देश्य चरणबद्ध तरीके से अधिकतम ट्रेनों को इस आधुनिक सुरक्षा प्रणाली से जोड़ना है, ताकि यात्रियों की सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था को और मजबूत किया जा सके।
अपराध नियंत्रण और साक्ष्य जुटाने पर जोर
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, कोचों में कैमरे लगाने का मुख्य उद्देश्य ट्रेनों में होने वाली चोरी, छेड़छाड़ और अन्य असामाजिक गतिविधियों पर रोक लगाना है। अब तक कई मामलों में पर्याप्त साक्ष्य के अभाव में अपराधी बच निकलते थे, लेकिन स्टेशनों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की मदद से अपराधियों की पहचान और गिरफ्तारी में सफलता मिली है। इसी अनुभव के आधार पर अब कोचों के भीतर भी निगरानी व्यवस्था लागू की जा रही है।
हाई-टेक कैमरे और सुरक्षित रिकॉर्डिंग व्यवस्था
नई व्यवस्था के तहत प्रत्येक कोच में प्रवेश द्वार, गैलरी और अन्य महत्वपूर्ण स्थानों पर हाई-रिजोल्यूशन कैमरे लगाए जाएंगे। इन कैमरों की रिकॉर्डिंग सुरक्षित सर्वर में संग्रहीत की जाएगी, जिसे जरूरत पड़ने पर रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) और जांच एजेंसियां उपयोग कर सकेंगी।
रेलवे ने यह भी स्पष्ट किया है कि यात्रियों की गोपनीयता का पूरा ध्यान रखा जाएगा और कैमरों का फोकस केवल सार्वजनिक क्षेत्रों तक सीमित रहेगा।
एक से डेढ़ साल में पूरा होगा कार्य
रेलवे ने टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद शेष 730 कोचों में सीसीटीवी कैमरे लगाने का लक्ष्य एक से डेढ़ वर्ष के भीतर पूरा करने का निर्णय लिया है। इसके लिए उपकरणों की गुणवत्ता, डेटा सुरक्षा और रखरखाव को लेकर स्पष्ट मानक तय किए गए हैं, ताकि यह व्यवस्था लंबे समय तक प्रभावी और सुरक्षित बनी रहे।











