विश्व ऑटिज्म जागरूकता दिवस पर जमशेदपुर में वॉकाथॉन, दिव्यांग बच्चों के प्रति जागरूकता का संदेश

विश्व ऑटिज्म जागरूकता दिवस पर जमशेदपुर में वॉकाथॉन, दिव्यांग बच्चों के प्रति जागरूकता का संदेश

Johar News Times
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जमशेदपुर में विश्व ऑटिज्म जागरूकता दिवस 2026 के अवसर पर गुरुवार सुबह 6 बजे सर दोराबजी टाटा पार्क से एक जागरूकता वॉकाथॉन का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का आयोजन स्पायर मदर टीम के तत्वावधान में किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लेकर समाज में जागरूकता का संदेश दिया।

कार्यक्रम का उद्घाटन जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने किया। उन्होंने अपने संबोधन में आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि जमशेदपुर एक ऐसा शहर है, जहां दिव्यांग बच्चों की बेहतर शिक्षा और उनके विकास के लिए कई संस्थाएं कार्य कर रही हैं, जो समाज के लिए सकारात्मक संकेत है।

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वॉकाथॉन की शुरुआत विधायक द्वारा फ्लैग ऑफ कर की गई, जिसमें उन्होंने स्वयं भी भाग लेते हुए लगभग एक किलोमीटर की दूरी तय की। इस अवसर पर पद्मश्री से सम्मानित खिलाड़ी पूर्णिमा महतो सहित कई विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे।

कार्यक्रम में ब्रह्मकुमारिज जमशेदपुर, यंग इंडियंस, टीएमएच के न्यूरो फिजिशियन डॉ. मनोज साह, टाटा मेन हॉस्पिटल की डॉ. रेहा झा, इनर व्हील क्लब की अध्यक्ष, रेलवे सिविल डिफेंस के इंस्पेक्टर संतोष कुमार समेत कई गणमान्य लोग शामिल हुए। सभी अतिथियों को पुष्पगुच्छ और स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।

इस मौके पर बड़ी संख्या में दिव्यांग बच्चे, उनके अभिभावक और शहर की 18 सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधि अपनी-अपनी टीम के साथ शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान सरयू राय ने दिव्यांग बच्चों और उनके अभिभावकों को मेडल और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया।

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आयोजन को सफल बनाने में जगनाथ बेहरा, राजकुमार सिंह, लीना दत्ता, के.के. विश्वास, एनसी देव समेत अन्य लोगों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। कार्यक्रम का संचालन श्याम शर्मा ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन स्पायर मदर टीम की ओर से डॉ. निवेदिता ने दिया।

वॉकाथॉन के दौरान प्रतिभागियों ने लगभग एक किलोमीटर की दूरी तय की। इस आयोजन में करीब 60 से अधिक दिव्यांग बच्चों ने भाग लिया, जबकि विभिन्न संगठनों से आए लगभग 150 से अधिक प्रतिनिधि भी शामिल हुए।

यह कार्यक्रम समाज में ऑटिज्म को लेकर जागरूकता फैलाने और दिव्यांग बच्चों के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ।

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