रांची: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में झारखंड के किसानों और महिला स्वयं सहायता समूहों को वैश्विक बाजार से जोड़ने की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि हासिल हुई है। सिमडेगा जिले के प्रसिद्ध आम की पहली व्यावसायिक निर्यात खेप यूनाइटेड किंगडम (लंदन) के लिए रवाना की गई है।
झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (JSLPS) की पहल और महिला जागृति एवं बेड़रा एफपीओ (फार्मर प्रोड्यूसर ऑर्गेनाइजेशन) के सहयोग से 1322 किलोग्राम आम की खेप लंदन भेजी गई। इस उपलब्धि की जानकारी जेएसएलपीएस ने साझा की, जिसे मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भी रीपोस्ट कर राज्य के किसानों और महिला समूहों की सफलता को सराहा। इस निर्यात के साथ सिमडेगा का आम पहली बार अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचा है। इसे राज्य के कृषि एवं ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, इस पहल से स्थानीय किसानों को बेहतर बाजार और उत्पाद का अधिक मूल्य मिलने की संभावना बढ़ेगी।

महिला नेतृत्व वाले एफपीओ की भागीदारी ने इस उपलब्धि को और खास बना दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे झारखंड के अन्य कृषि उत्पादों के निर्यात का रास्ता भी खुलेगा और राज्य के किसानों को वैश्विक पहचान मिलेगी। राज्य सरकार का कहना है कि किसानों की आय बढ़ाने, महिला स्वयं सहायता समूहों को सशक्त बनाने और स्थानीय उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजार से जोड़ने की दिशा में इस तरह के प्रयास आगे भी जारी रहेंगे। सिमडेगा के आम का लंदन पहुंचना झारखंड की कृषि क्षमता और ग्रामीण उद्यमिता की बढ़ती ताकत का प्रतीक माना जा रहा है।
