तुलसी का पौधा अब नहीं सूखेगा! केले के छिलके के इस जादुई इस्तेमाल से 15 दिनों में पौधा हो जाएगा घना और हरा-भरा
लाइफस्टाइल डेस्क: हिंदू धर्म में तुलसी के पौधे का विशेष महत्व है, लेकिन अक्सर देखभाल की कमी या पोषक तत्वों के अभाव में यह सूखने लगता है। अगर आप भी अपनी तुलसी को घना और चमकदार बनाना चाहते हैं, तो बाजार की महंगी खाद छोड़िए। आपके किचन में मौजूद केले का छिलका इसके लिए एक ‘रामबाण’ इलाज साबित हो सकता है।
क्यों फायदेमंद है केले का छिलका?
केले के छिलके में पोटैशियम, फास्फोरस और कैल्शियम भरपूर मात्रा में होते हैं। ये पोषक तत्व न केवल तुलसी की जड़ों को मजबूती देते हैं, बल्कि नई पत्तियों की ग्रोथ को भी तेज करते हैं।
इस्तेमाल का सबसे सटीक तरीका: सूखे छिलके का पाउडर
बागवानी विशेषज्ञों के अनुसार, ताजे छिलके को सीधे मिट्टी में डालने से फंगस लगने का डर रहता है। इसलिए ‘बनाना पील पाउडर’ सबसे सुरक्षित और असरदार तरीका है:
- धूप में सुखाएं: सबसे पहले केले के छिलकों को 3-4 दिनों तक तेज धूप में रखें। इन्हें तब तक सुखाएं जब तक ये पूरी तरह कड़क और काले न हो जाएं।
- पाउडर तैयार करें: सूखे हुए छिलकों को मिक्सी में पीसकर बारीक पाउडर बना लें। इसे आप किसी डिब्बे में स्टोर भी कर सकते हैं।
- कैसे करें प्रयोग: महीने में केवल दो बार, तुलसी के गमले की मिट्टी की हल्की गुड़ाई करें और 1-2 चम्मच यह पाउडर चारों ओर फैलाकर मिला दें।
क्या होगा फायदा?
इस प्राकृतिक खाद के नियमित इस्तेमाल से तुलसी की जड़ें गहरी होंगी और पौधा ऊपर से झाड़ीदार यानी घना (Bushy) बनने लगेगा। सबसे अच्छी बात यह है कि यह पूरी तरह केमिकल-फ्री है, जिससे पौधे की पवित्रता भी बनी रहती है।लाइफस्टाइल डेस्क: हिंदू धर्म में तुलसी के पौधे का विशेष महत्व है, लेकिन अक्सर देखभाल की कमी या पोषक तत्वों के अभाव में यह सूखने लगता है। अगर आप भी अपनी तुलसी को घना और चमकदार बनाना चाहते हैं, तो बाजार की महंगी खाद छोड़िए। आपके किचन में मौजूद केले का छिलका इसके लिए एक ‘रामबाण’ इलाज साबित हो सकता है।
क्यों फायदेमंद है केले का छिलका?
केले के छिलके में पोटैशियम, फास्फोरस और कैल्शियम भरपूर मात्रा में होते हैं। ये पोषक तत्व न केवल तुलसी की जड़ों को मजबूती देते हैं, बल्कि नई पत्तियों की ग्रोथ को भी तेज करते हैं।
इस्तेमाल का सबसे सटीक तरीका: सूखे छिलके का पाउडर
बागवानी विशेषज्ञों के अनुसार, ताजे छिलके को सीधे मिट्टी में डालने से फंगस लगने का डर रहता है। इसलिए ‘बनाना पील पाउडर’ सबसे सुरक्षित और असरदार तरीका है:
- धूप में सुखाएं: सबसे पहले केले के छिलकों को 3-4 दिनों तक तेज धूप में रखें। इन्हें तब तक सुखाएं जब तक ये पूरी तरह कड़क और काले न हो जाएं।
- पाउडर तैयार करें: सूखे हुए छिलकों को मिक्सी में पीसकर बारीक पाउडर बना लें। इसे आप किसी डिब्बे में स्टोर भी कर सकते हैं।
- कैसे करें प्रयोग: महीने में केवल दो बार, तुलसी के गमले की मिट्टी की हल्की गुड़ाई करें और 1-2 चम्मच यह पाउडर चारों ओर फैलाकर मिला दें।
क्या होगा फायदा?
इस प्राकृतिक खाद के नियमित इस्तेमाल से तुलसी की जड़ें गहरी होंगी और पौधा ऊपर से झाड़ीदार यानी घना (Bushy) बनने लगेगा। सबसे अच्छी बात यह है कि यह पूरी तरह केमिकल-फ्री है, जिससे पौधे की पवित्रता भी बनी रहती है।
joharnewstimes.com











