पोटका/सरायकेला: कोल्हान क्षेत्र के पूर्वी सिंहभूम जिले के अंतर्गत पोटका प्रखंड के ग्रामीण इन दिनों सड़क की बदहाली को लेकर बेहद आक्रोशित हैं। गोडग्राम, रामजांगा से लेकर शासनघुटू, मोहनाडीह, चुकनुटांड, बालियागोड़ा होते हुए बांकाई तक जाने वाला मुख्य कालिकरण पथ पिछले कई महीनों से अधर में लटका हुआ है। इस अधूरे निर्माण कार्य को जल्द से जल्द पूरा कराने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने अब झारखंड सरकार के मुख्य सचिव को एक औपचारिक आवेदन सौंपकर गुहार लगाई है।
M/s Sirha Construction ने बंद किया काम, 8 महीने से लग रहे चक्कर
ग्रामीणों के मुताबिक, इस महत्वपूर्ण सड़क के निर्माण का जिम्मा M/s Sirha Construction Pvt. Ltd. को दिया गया था। लेकिन संवेदक द्वारा पिछले काफी समय से काम को पूरी तरह बंद कर दिया गया है। अपनी इस समस्या को लेकर ग्रामीण पिछले एक साल से अधिकारियों और नेताओं के चक्कर काट रहे हैं:
- वर्ष 2025 में फरवरी, अगस्त और अक्टूबर महीने में कार्यपालक अभियंता को पत्र लिखा गया।
- नवंबर 2025 में स्थानीय विधायक और उपायुक्त महोदय को स्मार पत्र सौंपा गया।
- फरवरी 2026 में राज्यपाल, ग्रामीण कार्य विभाग के मंत्री और मुख्य सचिव तक को आवेदन दिए गए।
इतने प्रशासनिक दरवाजों को खटखटाने के बावजूद धरातल पर कालीकरण पथ के निर्माण में एक इंच भी प्रगति नहीं हुई है, जिससे ग्रामीणों की उम्मीदें अब टूटने लगी हैं।
बरसात में ‘नरक’ जैसे हालात, आंदोलन की चेतावनी
मुख्य सचिव को भेजे गए आवेदन में ग्रामीणों ने अपना दर्द बयां करते हुए कहा है कि सड़क का निर्माण बीच में ही रुक जाने से पूरा रास्ता उखड़ चुका है। मानसून और बरसात के दिनों में तो स्थिति ‘नरक जैसी’ हो जाती है। सड़क पर कीचड़ और जलजमाव के कारण आवागमन पूरी तरह ठप हो जाता है।
ग्रामीणों ने साफ चेतावनी दी है कि प्रशासनिक उदासीनता के कारण अब उनका सब्र का बांध टूट रहा है और यह जन-आक्रोश कभी भी किसी बड़े आंदोलन का रूप ले सकता है।
“सड़क अधूरी होने के कारण स्कूली बच्चों, गर्भवती महिलाओं, मरीजों और किसानों को रोजाना भारी किल्लत झेलनी पड़ रही है। आपातकाल में गांव तक एम्बुलेंस का पहुंचना भी दूभर हो गया है।” – सिमाल हाँसदा, स्थानीय ग्रामीण
मुख्य सचिव से संवेदक पर कार्रवाई की मांग
सिमाल हाँसदा सहित दर्जनों ग्रामीणों के हस्ताक्षर युक्त इस आवेदन में मुख्य सचिव से मांग की गई है कि वे अपने स्तर से मामले में हस्तक्षेप करें। ग्रामीणों ने संवेदक M/s Sirha Construction को कड़ा निर्देश देकर अतिशीघ्र कार्य पूरा कराने का आग्रह किया है। इस आवेदन के साथ फरवरी 2025 से फरवरी 2026 तक अलग-अलग विभागों को सौंपे गए सभी शिकायती पत्रों की छायाप्रति भी संलग्न की गई है।
