भगवान शिव, जिन्हें ‘भोलेनाथ’ भी कहा जाता है, अत्यंत सरल स्वभाव के देव माने जाते हैं। शास्त्रों के अनुसार, महादेव को प्रसन्न करने के लिए महंगे उपहारों की नहीं, बल्कि श्रद्धा और उनके प्रिय पुष्पों की आवश्यकता होती है। शिव पुराण में विस्तार से बताया गया है कि कौन सा फूल चढ़ाने से भक्तों को क्या फल मिलता है।
पौराणिक कथाओं के अनुसार, समुद्र मंथन के समय जब महादेव ने हलाहल विष का पान किया था, तब उनके कंठ के साथ-साथ शरीर में भी तीव्र जलन होने लगी थी। कहा जाता है कि उसी समय महादेव के हृदय से धतूरे का पौधा उत्पन्न हुआ। यही कारण है कि यह विषैला फल और फूल शिवजी को अत्यंत प्रिय है। इसे चढ़ाने से मनुष्य के मन से अहंकार, ईर्ष्या और नफरत का नाश होता है।
शिव कृपा पाने के लिए इन फूलों का है विशेष महत्व
- महादेव को भांग और धतूरे के साथ-साथ सफेद मदार का पुष्प भी बहुत भाता है। मान्यता है कि इसे शिवलिंग पर अर्पित करने से व्यक्ति को मोक्ष की प्राप्ति होती है।
- शनि देव के साथ-साथ महादेव को भी शमी अत्यंत प्रिय है। इसे चढ़ाने से घर में सुख-समृद्धि का वास होता है।
- यदि आप आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं, तो कनेर के फूल चढ़ाएं। वहीं, विवाह संबंधी अड़चनों को दूर करने के लिए बेला के फूल अर्पित करना शुभ माना जाता है।
- रात में खिलने वाले इन स्वर्गीय खुशबूदार फूलों को चढ़ाने से महादेव प्रसन्न होकर भक्तों के सारे कष्ट हर लेते हैं।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, शिवजी को केतकी का फूल कभी नहीं चढ़ाना चाहिए। शिव पूजा में हमेशा ताजे और साफ जल से धोए हुए पुष्पों का ही प्रयोग करें
अबसे हर अपडेट के लिये जुड़े रहे — ताजा खबरों के लिये हमारे न्यूज चैनल और वेबसाइट को लाइक और सब्सक्राइब करें — joharnewstimes.com
