घटिया सामग्री, मजदूरी भुगतान में गड़बड़ी और सूचना पट नहीं लगाने पर भड़के ग्रामीण,
सरायकेला-खरसावां जिले के चांडिल अनुमंडल अंतर्गत रसुनिया पंचायत में चल रहे सरकारी भवन निर्माण कार्य को लेकर विवाद गहरा गया है। पंचायत भवन और स्वास्थ्य केंद्र के निर्माण में भ्रष्टाचार एवं भारी अनियमितता का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने बुधवार को निर्माण कार्य अस्थायी रूप से बंद करा दिया। मामले को लेकर गांव में आक्रोश का माहौल है।
ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत भवन का निर्माण “अभिनव इंडिया” नामक एजेंसी के माध्यम से कराया जा रहा है, लेकिन निर्माण स्थल पर योजना से संबंधित आवश्यक सूचना पट नहीं लगाया गया है। सरकारी नियमों के अनुसार योजना की लागत, संवेदक का नाम, निर्माण अवधि, मजदूरी दर और तकनीकी जानकारी सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित करना अनिवार्य होता है। ग्रामीणों का कहना है कि केवल शिलान्यास पट्ट लगाकर नियमों की अनदेखी की जा रही है।

निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर भी गंभीर सवाल उठाए गए हैं। ग्रामीणों के अनुसार भवन निर्माण में निम्न स्तर की ईंट, गिट्टी और बालू का इस्तेमाल किया जा रहा है। साथ ही सीमेंट का अनुपात भी मानक के अनुरूप नहीं रखा जा रहा, जिससे भवन की मजबूती और टिकाऊपन पर संदेह पैदा हो गया है।
ग्रामीणों ने बताया कि इस संबंध में ठेकेदार शेख आलमगीर से शिकायत की गई थी, लेकिन उनकी ओर से कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। इसके बाद लोगों ने विरोध स्वरूप काम बंद करा दिया। मजदूरों ने भी समय पर भुगतान नहीं मिलने और तय मजदूरी से कम राशि दिए जाने का आरोप लगाया है।

ग्रामीणों ने चांडिल बीडीओ और जिला प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि गुणवत्तापूर्ण निर्माण और पारदर्शिता सुनिश्चित नहीं की गई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।










