नई दिल्ली: राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने मंगलवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात के बाद अपनी पूर्व पार्टी आम आदमी पार्टी (AAP) और पंजाब सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि पार्टी छोड़कर भाजपा में शामिल होने वाले सांसदों के खिलाफ “बदले की राजनीति” की जा रही है और अब वे खुद अगला निशाना हो सकते हैं।
राष्ट्रपति भवन में तीन अन्य सांसदों के साथ मुलाकात के बाद चड्ढा ने मीडिया से कहा कि उन्होंने राष्ट्रपति को पंजाब में राज्य मशीनरी के कथित दुरुपयोग की जानकारी दी है। उनके मुताबिक, जो सांसद AAP छोड़कर भारतीय जनता पार्टी में शामिल हुए हैं, उन्हें निशाना बनाया जा रहा है।
चड्ढा ने आरोप लगाया कि AAP कार्यकर्ताओं ने पंजाब पुलिस की मदद से क्रिकेटर हरभजन सिंह के घर के बाहर “देशद्रोही” लिखवाया। इसके अलावा पद्मश्री राजेंद्र गुप्ता की फैक्ट्री का पानी कनेक्शन काटने और सांसद संदीप पाठक के खिलाफ “फर्जी FIR” दर्ज कराने जैसे आरोप भी लगाए।
उन्होंने कहा, “AAP ने विजिलेंस बोर्ड और पॉल्यूशन बोर्ड के जरिए बदले की खतरनाक राजनीति शुरू कर दी है। मुझे जानकारी मिली है कि मैं उनका अगला टारगेट हो सकता हूं। सोशल मीडिया पर हमें धमकाने के लिए एजेंसियों का इस्तेमाल किया जा रहा है और इसके लिए सरकारी फंड का उपयोग हो रहा है।”
इस दौरान चड्ढा ने यह भी कहा कि जो लोग महात्मा गांधी के राजघाट पर सत्याग्रह की बात करते हैं, वही आज सरकारी मशीनरी का इस्तेमाल विरोधियों को दबाने के लिए कर रहे हैं।
वहीं, सांसद संदीप पाठक ने कहा कि उन्होंने राष्ट्रपति से संवैधानिक सुरक्षा की मांग की है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति ने उन्हें संविधान के तहत सुरक्षा का आश्वासन दिया है।
दूसरी ओर, पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान भी AAP विधायकों के साथ दिल्ली पहुंच रहे हैं, जहां वे हालिया राजनीतिक घटनाक्रम को लेकर राष्ट्रपति से मुलाकात कर सकते हैं। सात राज्यसभा सांसदों के भाजपा में शामिल होने के बाद पंजाब की राजनीति में टकराव की स्थिति बन गई है।










