सरायकेला/गम्हरिया: झारखंड में मतदाता सूची को पूरी तरह से पारदर्शी और त्रुटिरहित बनाने के लिए राज्यभर में ‘विशेष गहन पुनरीक्षण’ कार्यक्रम जोरों पर है। इसी कड़ी में सरायकेला-खरसावां जिले के गम्हरिया प्रखंड में अपर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री सुबोध कुमार ने बीएलओ और बीएलओ सुपरवाइजरों के प्रशिक्षण शिविर का औचक भौतिक निरीक्षण किया और अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए।
“गंभीरता और पारदर्शिता से हो मतदाता सूची का काम”
निरीक्षण के दौरान श्री सुबोध कुमार ने बीएलओ से उनके कार्यों की प्रगति रिपोर्ट ली और उन्हें जरूरी दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य एक अद्यतन और शुद्ध मतदाता सूची तैयार करना है।
उन्होंने अधिकारियों को हिदायत देते हुए कहा कि पुनरीक्षण कार्य में पूरी पारदर्शिता और गंभीरता बरती जाए। यह सुनिश्चित किया जाए कि भारत का कोई भी पात्र नागरिक अपने मताधिकार और मतदाता सूची में शामिल होने से वंचित न रहे।
डोर-टू-डोर सत्यापन पर जोर, इन बातों का रखना होगा खास ध्यान
अपर CEO ने बीएलओ सुपरवाइजरों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में डोर-टू-डोर सत्यापन का कार्य सुनिश्चित करें। इसके तहत मुख्य रूप से तीन कार्यों पर फोकस किया जाना है:
- 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके सभी युवाओं का नाम प्राथमिकता के आधार पर मतदाता सूची में जोड़ा जाए।
- जो मतदाता अब इस दुनिया में नहीं हैं , जो यहां से कहीं और स्थानांतरित हो चुके हैं या जिनके नाम डुप्लीकेट दर्ज हैं, उन्हें चिह्नित कर तुरंत सूची से हटाया जाए।
- प्रशिक्षण के दौरान सभी बीएलओ को फॉर्म भरने, दस्तावेजों का सही सत्यापन करने और पोर्टल पर उनकी ऑनलाइन एंट्री करने की बारीकियां समझाई गईं।
राज्यभर में चल रहा है महाअभियान
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के सख्त निर्देशानुसार, पूरे झारखंड राज्य में SIR कार्यक्रम का सफल क्रियान्वयन किया जा रहा है। प्रशासन का उद्देश्य है कि आगामी चुनावों से पहले एक पारदर्शी सिस्टम तैयार हो सके।
“एक शुद्ध और त्रुटिरहित मतदाता सूची ही किसी भी मजबूत लोकतंत्र की सबसे बड़ी पहचान होती है। इस राष्ट्रीय कार्य में आम जनता का सहयोग और जागरूकता भी बेहद अपेक्षित है।” – प्रशासन
