झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले में नक्सल विरोधी अभियान के बीच पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। कराईकेला थाना क्षेत्र में सुरक्षा बलों पर हुए हमले के मामले में पुलिस ने प्रतिबंधित भाकपा संगठन के 17 नक्सलियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की है।
इस मामले में 7 नक्सलियों को नामजद और 10 अज्ञात को आरोपी बनाया गया है। सबसे खास बात यह है कि नामजद आरोपियों में माओवादियों का शीर्ष नेता और 1 करोड़ रुपये का इनामी नक्सली असीम मंडल उर्फ आकाश भी शामिल है।
असीम मंडल के अलावा पुलिस ने जिन मुख्य नक्सलियों को नामजद किया है, उनके नाम इस प्रकार हैं:
- मंगल सिंह सरदार
- सलूका कायम
- पिंकी
- कोलेबुनी
- सीता
- बुड़ुई बोदरा
पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने, सुरक्षा बलों पर जानलेवा हमला करने और अवैध हथियार रखने समेत कई अन्य संगीन धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
दुगुड़ा पहाड़ी पर हुई थी ताबड़तोड़ फायरिंग
दर्ज प्राथमिकी के अनुसार, बीते 19 मई को कराईकेला और सोनुवा थाना क्षेत्र के सीमावर्ती जंगलों में संयुक्त सुरक्षा बलों (पुलिस और अर्द्धसैनिक बल) द्वारा एक बड़ा सर्च अभियान चलाया जा रहा था। इसी दौरान दुगुड़ा गांव के पहाड़ी इलाके में घात लगाकर छिपे नक्सलियों ने अचानक पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।
सुरक्षा बलों ने पहले नक्सलियों को आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी, लेकिन जब उनकी तरफ से गोलीबारी जारी रही, तो जवानों ने भी मोर्चा संभालते हुए जवाबी कार्रवाई की।
- पुलिस के मुताबिक, नक्सलियों ने अत्याधुनिक हथियारों से जवानों पर 50 से अधिक राउंड फायरिंग की।
- दोनों ओर से काफी देर तक रुक-रुक कर मुठभेड़ चलती रही। खुद को कमजोर पड़ता देख नक्सली घने जंगल और पहाड़ी रास्तों का फायदा उठाकर भागने में सफल रहे।
घटनास्थल से बरामद हुआ सामान, अभियान तेज
मुठभेड़ थमने के बाद सुरक्षा बलों ने पूरे इलाके में एक सघन तलाशी अभियान चलाया। सर्चिंग के दौरान पुलिस को घटनास्थल से नक्सलियों की दैनिक उपयोग की सामग्री और नक्सली गतिविधियों से जुड़े कई अहम दस्तावेज व सामान बरामद हुए हैं।
“इलाके में शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए नक्सलियों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। पुलिस और अर्द्धसैनिक बलों ने पूरे क्षेत्र में चौकसी बढ़ा दी है और फरार नक्सलियों की धरपकड़ के लिए अभियान को और तेज कर दिया गया है।”
