बिरसानगर प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभुकों का सब्र अब जवाब दे चुका है। 8 साल के लंबे इंतजार के बाद भी सिर पर छत न मिलने से नाराज लाभुकों और अधिकारियों के बीच विधायक सरयू राय के बिष्टुपुर स्थित आवास पर हाई-वोल्टेज बैठक हुई। बैठक में विधायक ने दो टूक शब्दों में कहा कि यदि 31 मई तक बुनियादी काम पूरे कर चाबी नहीं सौंपी गई, तो वे 1 जून से अनशन पर बैठेंगे।
8 साल का इंतजार और अधिकारियों के बहाने
बैठक में जेएनएसीके उप नगर आयुक्त कृष्ण कुमार और जुडको के प्रोजेक्ट मैनेजर धनंजय कुमार मौजूद थे। जुडको ने दलील दी कि सड़क और ड्रेनेज का काम अभी अधूरा है, जिसे पूरा करने में एक महीना और लगेगा। इस पर लाभुकों ने तीखी प्रतिक्रिया दी। लाभुकों का कहना है कि उन्हें 2023 से ही सिर्फ आश्वासन मिल रहा है, जबकि आज 2026 आ गया है। कई लाभुकों ने तो 6 मई को ही गृह प्रवेश की तैयारी कर ली थी।
सड़क, नाली और बिजली मीटर
- ड्रेनेज का टेंडर तो हो गया है, लेकिन सड़क निर्माण के लिए फंड का अब भी इंतजार है।
- उप नगर आयुक्त ने स्पष्ट किया कि जब तक जुडको प्रोजेक्ट हैंडओवर नहीं करता, नियमों के तहत चाबी नहीं दी जा सकती।
- बैठक में जमशेदपुर में बिजली मीटर के लिए ₹13,600 वसूले जाने पर सवाल उठा। लाभुकों ने बताया कि बोकारो में इसके लिए महज ₹1,500 लिए जा रहे हैं। इस भेदभाव पर सरयू राय ने मौके पर ही बोकारो डीसी से फोन पर बात कर स्थिति स्पष्ट करने को कहा।
अब 31 मई है ‘डेडलाइन’
बैठक में काफी गहमागहमी के बाद सहमति बनी कि जुडको हर हाल में 31 मई तक सभी पेंडिंग काम पूरे करेगा। इसके बाद जेएनएसी एक औपचारिक समारोह आयोजित कर विधिवत रूप से लाभुकों को उनके घरों की चाबी सौंपेगा।
“अधिकारियों की हीला-हवाली अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। 31 मई आखिरी तारीख है। इसके बाद सीधे जनता के साथ अनशन शुरू होगा।”









