सरायकेला-खरसावां, चांडिल: चांडिल थाना क्षेत्र के लेंगडीह और शासनटाड़ गांव के बीच बामणी नदी तट पर स्थित प्राचीन शसान काली मंदिर में चोरी की घटना से क्षेत्र में आक्रोश फैल गया है। शुक्रवार और शनिवार की दरमियानी रात अज्ञात चोरों ने मंदिर का ताला तोड़कर दान पेटी से नकदी समेत अन्य सामानों की चोरी कर ली। घटना की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण बड़ी संख्या में मंदिर परिसर पहुंच गए और प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग की।
मिली जानकारी के अनुसार, देर रात चोर मंदिर के मुख्य द्वार का ताला तोड़कर अंदर घुसे। इसके बाद उन्होंने दान पेटी को क्षतिग्रस्त कर उसमें जमा राशि निकाल ली। चोर मंदिर परिसर में लगी पीतल की घंटी तथा फूल-पौधों की सिंचाई के लिए उपयोग किए जाने वाले पानी के मोटर को भी अपने साथ ले गए।
शनिवार सुबह मंदिर के पुजारी जब नियमित पूजा-अर्चना के लिए पहुंचे तो मुख्य द्वार का ताला टूटा मिला। अंदर का दृश्य देखकर उन्होंने तत्काल मंदिर समिति और ग्रामीणों को सूचना दी। देखते ही देखते लेंगडीह, शासनटाड़ और आसपास के गांवों के लोग मंदिर पहुंच गए।
मंदिर समिति के सदस्यों के अनुसार दान पेटी को पिछले करीब एक महीने से नहीं खोला गया था। श्रद्धालुओं द्वारा प्रतिदिन चढ़ावा चढ़ाया जाता है। प्रारंभिक अनुमान के मुताबिक चोरी गए सामान और नकदी का कुल नुकसान लगभग 10 हजार रुपये के आसपास बताया जा रहा है। हालांकि दान पेटी में मौजूद राशि का सही आकलन जांच के बाद ही हो सकेगा।

ग्रामीणों ने बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग बाईपास बनने के बाद क्षेत्र में रात के समय असामाजिक तत्वों की गतिविधियां बढ़ी हैं। लोगों ने मंदिर परिसर और आसपास नियमित पुलिस गश्ती, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था तथा सीसीटीवी कैमरे लगाने की मांग की है।
चांडिल थाना पुलिस को घटना की सूचना दे दी गई है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और अज्ञात चोरों की पहचान के प्रयास किए जा रहे हैं।
